• Latest
  • Trending
India gave the world 'Buddha' not 'war'

भारत ने दुनिया को ‘युद्ध’ नहीं ‘बुद्ध’ दिए

July 12, 2024
यूपीआई और डीपीआई ने बदली भारत की डिजिटल अर्थव्यवस्था

कर्ज महंगा, पर अर्थव्यवस्था 7.1% की रफ्तार पर

October 7, 2026
भारत विकास: वीजा, रक्षा, खेल और ऊर्जा की बड़ी खबरें

भारत विकास: वीजा, रक्षा, खेल और ऊर्जा की बड़ी खबरें

October 6, 2026
भारतीय पायलट के हौसले की इंतहा...!

भारतीय पायलट के हौसले की इंतहा…!

October 5, 2026
jai-shankar

न्यूयॉर्क में दिखी नए भारत की ‘दबंग कूटनीति’

October 5, 2026
संसद का मॉनसून सत्र 2026: हंगामे में बर्बाद हुआ समय और जनता के धन का नुकसान

लोकतंत्र में विपक्ष कितना रचनात्मक

October 5, 2026
अर्थव्यवस्था के नए इंजन: उभरते 100 शहरों में 55 भारतीय

अर्थव्यवस्था के नए इंजन: उभरते 100 शहरों में 55 भारतीय

October 5, 2026
परमार्थ के पथ पर अशोक सिंघल युवा उनके आदर्शों से लें प्रेरणा

परमार्थ के पथ पर अशोक सिंघल युवा उनके आदर्शों से लें प्रेरणा

October 5, 2026
स्लीमनाबाद टनल

विंध्य की धरती को मिलेगा मां नर्मदा का आशीर्वाद, जल सुरंग की खुदाई पूरी

October 5, 2026
ev-scooter

23 रुपए में दिनभर के लिए इलेक्टि्रक स्कूटर

October 5, 2026
सोना 4,550 डॉलर के पार, चांदी भी 67 डॉलर के ऊपर

सोना गिरवी रखकर लोन लेने में यूपी वाले सबसे आगे

October 5, 2026
metro

मुंबई मेट्रो का महाविस्तार: 6 नए रूट पर 374 किमी में 130 स्टेशन

October 5, 2026
खटमलों ने उड़ाई अफसरों की नींद

खटमलों ने उड़ाई अफसरों की नींद

October 5, 2026
Wednesday, October 7, 2026
Retail
संपर्क
डाउनलोड
  • देश
  • उत्तर-प्रदेश
  • राष्ट्रीय
    • उत्तर-प्रदेश
  • राष्ट्रीय-अंतर्राष्ट्री
  • चुनाव विशेष
  • स्टेट-नेशनल
  • महिला-खेल
  • डाउनलोड
  • अंग्रेजी
  • संपर्क
  • ई-पेपर
No Result
View All Result
Welcome To Blitz India Media
No Result
View All Result

भारत ने दुनिया को ‘युद्ध’ नहीं ‘बुद्ध’ दिए

पीएम मोदी को रूस का सर्वोच्च सम्मान, कीव हमले पर मोदी ने दुख जताया

by ब्लिट्ज़ इंडिया
July 12, 2024
in the blitz
0
India gave the world 'Buddha' not 'war'
विनोद शील

नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी रूस और ऑस्टि्रया के अपने तीन दिवसीय दौरे के बाद स्वदेश लौट आए। स्वयं पीएम मोदी के शब्दों में कहें तो रूस और ऑस्टि्रया की ये यात्राएं इन देशों के साथ संबंधों को और मजबूत करने का एक शानदार अवसर साबित हुई हैं जिनके साथ भारत की पुरानी दोस्ती है। इन देशों में रहने वाले भारतीयों के साथ मोदी की बातचीत से यह दौरा और खास बन गया क्योंकि पीएम ने अपने सोशल मीडिया हैंडल पर किए गए पोस्ट के माध्यम से कहा था, “मैं स्वयं इन देशों में रहने वाले भारतीय समुदाय के साथ बातचीत करने के लिए भी उत्सुक हूं।”

रूस के यूक्रेन के खिलाफ युद्ध शुरू करने के बाद से पीएम मोदी की यह रूस तथा उनके तीसरे कार्यकाल की पहली विदेश यात्रा थी। पीएम मोदी ने अपनी यात्रा के अंतिम चरण में ऑस्टि्रया में भारत और ऑस्टि्रया की साझा विरासत का जिक्र किया। भारतीय समुदाय को संबोधित करते हुए कहा कि हजारों सालों से हम दुनिया के साथ ज्ञान साझा करते रहे हैं। भारत ने दुनिया को शांति का संदेश दिया है। हम सीना तानकर दुनिया से कह सकते हैं कि हमने ‘युद्ध’ नहीं ‘बुद्ध’ दिए हैं। उल्लेखनीय है कि गत 41 सालों में पहली बार कोई भारतीय प्रधानमंत्री ऑस्टि्रया के दौरे पर गया।

YOU MAY ALSO LIKE

कर्ज महंगा, पर अर्थव्यवस्था 7.1% की रफ्तार पर

भारत विकास: वीजा, रक्षा, खेल और ऊर्जा की बड़ी खबरें

इसके अलावा रूस में यूक्रेन युद्ध को लेकर भी पीएम मोदी ने राष्ट्रपति पुतिन को फिर बड़ी नसीहत दी। उन्होंने कीव में शिशु अस्पताल पर रूसी हमले में कई बच्चों की मौत होने पर गहरी संवेदना व्यक्त की। उन्होंने कहा कि जब निर्दोष बच्चे मारे जाते हैं तो दिल दहल जाता है। इससे पहले भी उन्होंने कहा था-यह युग युद्ध का नहीं है। इस बार भी मोदी ने राष्ट्रपति पुतिन से साफ शब्दों में कहा कि युद्ध और गोलियों के बीच किसी समस्या का समाधान नहीं निकाला जा सकता। रूस दौरे की खास बात यह भी रही कि पीएम मोदी को रूस के सर्वोच्च सम्मान ‘ऑर्डर ऑफ सेंट एंड्रयू द अपोस्टल’ से सम्मानित किया गया। यही नहीं राष्ट्रपति पुतिन ने रूसी सेना में धोखे से भर्ती किए गए भारतीयों को भी स्वदेश भेजने पर सहमति जताई।

जिनपिंग के लिए भेजा था निचले स्तर का नेता
इससे पहले पीएम मोदी के 8 जुलाई को दो दिवसीय यात्रा के लिए रूस पहुंचने पर एयरपोर्ट पर स्वागत के दौरान ही जो विशेष तवज्जो दी गई, उससे चीन को भी साफ संदेश पहुंच गया जो संभवत: शी जिनपिंग को अच्छा न लगे। पीएम मोदी का व्यक्तिगत रूप से स्वागत करने के बाद प्रथम उप प्रधानमंत्री मांतुरोव उन्हें कार में साथ लेकर होटल तक गए। ये प्रोटोकॉल इस बात का एक मजबूत संकेत देता है कि भारत के साथ रूस अपने संबंधों को कितना महत्व देता है जबकि चीनी राष्ट्रपति की यात्रा के समय निचले स्तर के उप प्रधानमंत्री ने शी जिनपिंग का स्वागत किया था।

संतुलन पर ध्यान
निश्चित रूप से पीएम मोदी इस बात को अच्छी तरह जानते हैं कि उनकी मॉस्को यात्रा पर पश्चिम की पैनी नजर थी। ऐसे में मोदी सरकार ने संतुलन स्थापित करने की कोशिश की है। ये बताता है कि भारत शायद अमेरिका को नाराज नहीं करना चाहता। अमेरिका में एक बहुत बड़ा भारतीय प्रवासी समुदाय रहता है, जो मोदी का तगड़ा समर्थक है और एफडीआई का सबसे बड़ा स्रोत बना हुआ है। मोदी का मॉस्को दौरा तीसरी बार प्रधानमंत्री चुने जाने के बाद हुआ है, तो वहीं पुतिन पांचवीं बार राष्ट्रपति चुने गए हैं।

भारत के लिए रूस में मौका
दरअसल भारतीय व्यवसायों को रूस में नए अवसरों पर गंभीरता से विचार करना चाहिए। भारत से दोस्ती का असर रूस की अर्थव्यवस्था पर भी सकारात्मक पड़ा है। ‘रशिया टुडे’ की रिपोर्ट के अनुसार प्रतिबंधों का सामना करने के बाद भी रूस उच्च-मध्यम आय से उच्च आय वाली अर्थव्यवस्था में परिवर्तित हो गया है। विश्व बैंक ने वृद्धि के कारण रूस को शीर्ष आय की श्रेणी में रखा है। इन कारकों ने असल सकल घरेलू उत्पाद में 3.6 व नॉमिनल जीडीपी में 10.9 प्रतिशत की वृद्धि में योगदान दिया।

– भारत से दोस्ती रूस की अर्थव्यवस्था के लिए सकारात्मक
– अपनी सेना में धोखे से भर्ती भारतीय वापस भेजेगा रूस

चीनी मीडिया ने की भारत की तारीफ
ची न के सरकारी अखबार ‘ग्लोबल टाइम्स’ ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और भारत की विदेश नीति की जमकर तारीफ की है। उसने कहा कि भारत ने अमेरिका की परेशान करने वाली हरकतों के बावजूद रूस के साथ संबंधों को मजबूत किया है। एक लेख में प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व वाली सरकार की कुशल कूटनीति की सराहना की गई है। अखबार ने लिखा, यह काफी आश्चर्यजनक है कि अमेरिका का दुनिया भर में इतना प्रभाव है, जबकि वह वैश्विक आबादी का 5 प्रतिशत से भी कम प्रतिनिधित्व करता है। उसके शक्तिशाली होने की वजह फूट डालो और राज करो की नीति है। उसकी यह शक्ति अब तेजी से कम हो रही है, जैसा कि पीएम मोदी की रूस यात्रा सहित कई भू-राजनीतिक घटनाओं से स्पष्ट है।

रूस के लिए भारत संकटमोचक
दौरे के पहले दिन पीएम मोदी जब निजी मुलाकात के लिए रूसी राष्ट्रपति के सरकारी निवास पर पहुंचे तो व्लादिमीर पुतिन ने गले लगाकर उनका स्वागत किया। पीएम मोदी ने उन्हें अपना परम मित्र बताया। पुतिन के लिए भी मोदी बहुत खास हैं क्योंकि पीएम मोदी को पुतिन यूं ही गले नहीं लगा रहे थे। इसकी एक बड़ी वजह तो यह है कि भारत एक प्रकार से रूस के लिए संकटमोचक बन गया है। 2022 में यूक्रेन पर आक्रमण करने के बाद से रूस कठोर पश्चिमी प्रतिबंधों से जूझ रहा है। रूसी गैस के सबसे बड़े आयातक यूरोप ने अपने हाथ समेट लिए हैं।

रूस के साथ व्यापार करने पर प्रतिबंध के खतरे हैं। इसने पहले से ही कमजोर रूसी अर्थव्यवस्था को और मुश्किल में डाल दिया है। रूस की अर्थव्यवस्था के लिए भारत संजीवनी बनकर आया, जब उसने पश्चिमी दबाव के आगे न झुकते हुए रूसी तेल और कोयले के आयात में वृद्धि करने का फैसला किया। इससे भारत में रूसी निर्यात 50 अरब डॉलर को पार कर गया। इसका फायदा भारत ने उठाया है। रूस के सस्ते तेल ने भारत को अपनी अर्थव्यवस्था को मजबूत करने के साथ ही मोदी सरकार को जनता की नाराजगी दूर करने में भी मदद की। लंबे समय से भारत में पेट्रोलियम की कीमतों को स्थिर रखने में रूसी तेल की बड़ी भूमिका रही है। खासकर, इसने चुनाव के समय में मोदी सरकार को बड़ी राहत दी। यही नहीं, हर स्तर पर भारत और रूस के संबंध सदियों पुराने हैं और मुश्किल समय में रूस हमेशा भारत के साथ खड़ा रहा है।

ShareTweetSend

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

POPULAR NEWS

  • India shows way out to UN military observer group

    संरा के सैन्य पर्यवेक्षक समूह को भारत ने दिखाया बाहर का रास्ता

    0 shares
    Share 0 Tweet 0
  • प्रोपर्टी पर जिसका 12 साल से कब्जा, वही होगा मालिक

    0 shares
    Share 0 Tweet 0
  • 12 साल से है जमीन पर कब्जा तो वही होगा असली मालिक

    0 shares
    Share 0 Tweet 0
  • गंगाजल खराब नहीं होता, लेकिन क्यों ?

    0 shares
    Share 0 Tweet 0
  • पृथ्वी का आखिरी देश जहां सूरज केवल 40 मिनट के लिए ही डूबता है

    0 shares
    Share 0 Tweet 0
Welcome To Blitz India Media

© 2023 Blitz India Media -BlitzIndia Building A New Nation

Navigate Site

  • About
  • Our Team
  • Contact

Follow Us

No Result
View All Result
  • देश
  • उत्तर-प्रदेश
  • राष्ट्रीय
    • उत्तर-प्रदेश
  • राष्ट्रीय-अंतर्राष्ट्री
  • चुनाव विशेष
  • स्टेट-नेशनल
  • महिला-खेल
  • डाउनलोड
  • अंग्रेजी
  • संपर्क
  • ई-पेपर

© 2023 Blitz India Media -BlitzIndia Building A New Nation