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हर साल तंबाकू उत्पादों से 1.7 लाख टन कचरा

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हर साल तंबाकू उत्पादों से 1.7 लाख टन कचरा

मनुष्य के शरीर में जाते हैं हर वर्ष 82 हजार प्लास्टिक कण

by ब्लिट्ज़ इंडिया
June 9, 2023
in दृष्टिकोण
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1.7 lakh tons of waste from tobacco products every year

ब्लिट्ज ब्यूरो

नई दिल्ली। तंबाकू उत्पादों की पैकेजिंग के लिए हर वर्ष देश में करीब 22 लाख पेड़ काटे जाते हैं। इनके द्वारा साल भर में उत्पन्न होने वाला कचरा 89,402.13 टन है। यह वजन कागज की 11.9 करोड़ नोटबुक के बराबर है। तंबाकू उत्पादों का प्लास्टिकयुक्त कचरा पर्यावरण के लिए खतरनाक है। जोधपुर के अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान, इंडियन काउंसिल ऑफ मेडिकल रिसर्च व नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ कैंसर प्रिवेंशन एंड रिसर्च के अध्ययन में ये बात सामने आई है। 17 राज्यों में तंबाकू उत्पाद और उनसे होने वाले घातक कचरे पर किए गए इस अध्ययन से पता चला है कि तंबाकू उत्पाद से सालाना कुल 1,70,331 टन कचरा पैदा होता है। यह न केवल उन लोगों के लिए हानिकारक हैं जो उसका सेवन करते हैं बल्कि पर्यावरण पर भी इसका बुरा प्रभाव पड़ता है। तंबाकू के सभी प्रकार जैसे सिगरेट, बीड़ी, हुक्का और चबाने वाले तंबाकू-गुटखे बड़े पैमाने पर प्लास्टिक और प्लास्टिकयुक्त कागज का कचरा पैदा करते हैं। प्लास्टिक में कैडमियम और पारा जैसे रसायनों का मिश्रण होता है जो अंतत: कैंसर जैसी घातक बीमारी का कारण बनता है।

असंख्य रोगों का जनक तंबाकू : मनुष्यों के शरीर में प्रति वर्ष 82 हजार प्लास्टिक कण प्रवेश करते हैं जो विविध प्रकार के रोगों को जन्म देते हैं। चूंकि यह कचरा आमतौर पर खुले अनियंत्रित डंप साइटों, नालों और नदियों में फेंक दिया जाता है, इसलिए यह और भी खतरनाक हो जाता है। द एनवायरनमेंटल बर्डन ऑफ टोबैको प्रोडक्ट्स वेस्टेज इन इंडिया 2023 के अनुसार अध्ययन के लिए तंबाकू उत्पादों के 200 से अधिक ब्रांडों को देखा गया। इनमें सिगरेट के 70, बीड़ी के 94 और धुंआ रहित तंबाकू के 58 ब्रांड थे।

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भारत ओटीटी कार्यक्रमों में तंबाकू पर चेतावनी अनिवार्य करने वाला पहला देश
न ई दिल्ली। भारत ओटीटी कार्यक्रमों के लिए तंबाकू के खिलाफ चेतावनी जारी करने को अनिवार्य बनानेे वाला पहला देश बन गया है। ओटीटी मंच पर प्रसारित होने वाले कार्यक्रमों में वैसे ही चेतावनी जारी की जाएगी जैसे थिएटर में फिल्मों और टीवी कार्यक्रमों में होती है। विश्व तंबाकू निषेध दिवस पर केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय ने सिगरेट एवं अन्य तंबाकू उत्पाद अधिनियम, 2004 के तहत संशोधित नियमों को अधिसूचित किया। अब ऑनलाइन सामग्री में तंबाकू या इसके इस्तेमाल को दिखाए जाने के दौरान प्रसारकों को कार्यक्रम के शुरू और मध्य में कम से कम 30 सेकेंड तक तंबाकू के खिलाफ स्वास्थ्य संबंधी चेतावनी को जारी करना होगा। साथ ही कार्यक्रम की शुरुआत और मध्य में तम्बाकू के उपयोग के दुष्प्रभावों पर कम से कम 20 सेकेंड की एक दृश्य श्रव्य घोषणा भी दिखानी होगी। उप-नियम (1) के खंड (बी) में निर्दिष्ट तंबाकू विरोधी स्वास्थ्य चेतावनी संदेश सफेद पृष्ठभूमि पर काले रंग के अक्षरों में ‘तंबाकू से कैंसर होता है’ या ‘तंबाकू मारक होती है ’ की चेतावनी दिखानी होगी।

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