• Latest
  • Trending
आयुष्मान वय वंदना कार्ड: 70 साल से ऊपर हर बुजुर्ग को मिलेगा 5 लाख का स्वास्थ्य कवर

सत्तर पार के बुज़ुर्गों के 1.14 करोड़ कार्ड बने

August 24, 2026
कॉमनवेल्थ तलवारबाजी चैंपियनशिप 2026 में भारत का दबदबा, 35 पदकों के साथ जीती पहली विल्किंसन स्वोर्ड ट्रॉफी

लागोस में भारत की पहली विल्किंसन ट्रॉफ़ी

August 24, 2026
1 करोड़ युवाओं को AI ट्रेनिंग देगी सरकार, जानिए कैसे मिलेगा प्रशिक्षण और किसे होगा फायदा

एक साल में एक करोड़ युवाओं को एआई की ट्रेनिंग

August 24, 2026
खरीफ बुवाई 1.50% पीछे, धान का रकबा 13.19 लाख हेक्टेयर घटा; बारिश की कमी बनी वजह

खरीफ़ की सोलह लाख हेक्टेयर ज़मीन ख़ाली रह गई

August 24, 2026
daily-news

भारत में इलेक्ट्रिक गाड़ियों की रिकॉर्ड बिक्री, हरित बिजली, उड़ान, जहाज निर्माण और भारत-अमेरिका व्यापार की बड़ी खबरें

August 24, 2026
जुलाई 2026 महंगाई: खुदरा महंगाई 4.45% पहुंची, गांवों में शहरों से ज्यादा महंगाई का असर

अदरक 83 फ़ीसदी महँगा, और गाँव की थाली

August 24, 2026
semiconductor

बारह कारखाने मंज़ूर, तीन चालू

August 24, 2026
brics

ब्रिक्स की बहस इस बार लखनऊ में

August 24, 2026
monsoon

बारिश लौट आई, बाँध अब भी आधे ख़ाली

August 24, 2026
मक्का की कम बुवाई से एथेनॉल होगा महंगा लेकिन नहीं घटाया जाएगा उत्पादन

अब पॉपकॉर्न का बीज भी अपना

August 24, 2026
daily-news

आज की बड़ी खबरें 24 अगस्त 2026

August 24, 2026
गोबरधन योजना 2026: 23,731 करोड़ का बजट, 10 साल तक तय CBG कीमत और गांवों को बड़ा फायदा

गोबर अब 2,110 रुपये का सौदा है

August 24, 2026
भारत-अमेरिका

युद्धों के बीच मोदी की मजबूत संवाद नीति का दिखा प्रभाव कश्मीर पर बदली अमेरिकी भाषा भारत की बढ़ती साख का संदेश

August 24, 2026
Monday, August 24, 2026
Retail
संपर्क
डाउनलोड
  • देश
  • उत्तर-प्रदेश
  • राष्ट्रीय
    • उत्तर-प्रदेश
  • राष्ट्रीय-अंतर्राष्ट्री
  • चुनाव विशेष
  • स्टेट-नेशनल
  • महिला-खेल
  • डाउनलोड
  • अंग्रेजी
  • संपर्क
  • ई-पेपर
No Result
View All Result
Welcome To Blitz India Media
No Result
View All Result

सत्तर पार के बुज़ुर्गों के 1.14 करोड़ कार्ड बने

by ब्लिट्ज़ इंडिया
August 24, 2026
in the blitz
0
आयुष्मान वय वंदना कार्ड: 70 साल से ऊपर हर बुजुर्ग को मिलेगा 5 लाख का स्वास्थ्य कवर

ब्लिट्ज ब्यूरो

नई दिल्ली।आयुष्मान वय वंदना कार्ड की सबसे बड़ी बात इसकी रक़म नहीं, इसकी शर्त है — कमाई चाहे जितनी हो, सत्तर साल पार करते ही यह कार्ड आपका हक़ है।

आयुष्मान भारत प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना के तहत 70 साल और उससे ऊपर के हर नागरिक को — चाहे उसकी आमदनी कुछ भी हो — इलाज का कवर देने वाला आयुष्मान वय वंदना कार्ड फ़रवरी 2026 तक 1.14 करोड़ से ज़्यादा बुज़ुर्गों को जारी हो चुका था। इसी तारीख़ तक पूरी योजना के अंतर्गत देश में 43.52 करोड़ आयुष्मान कार्ड बन चुके थे।

YOU MAY ALSO LIKE

लागोस में भारत की पहली विल्किंसन ट्रॉफ़ी

एक साल में एक करोड़ युवाओं को एआई की ट्रेनिंग

अब समझिए कि कवर कैसे काम करता है, क्योंकि यहीं सबसे ज़्यादा भ्रम है। अगर आपका परिवार पहले से आयुष्मान भारत में शामिल है, तो 70 पार के बुज़ुर्ग को 5 लाख रुपये का अलग टॉप-अप मिलता है, जो सिर्फ़ उन्हीं के लिए है — परिवार के बाक़ी सदस्यों के साथ बँटता नहीं। और अगर परिवार योजना में नहीं है, तब भी 70 पार होने पर कवर मिलता है। सीधी बात यह है कि उम्र ही पात्रता है।

जहाँ कार्ड काम आता है। सरकारी अस्पताल। योजना से जुड़े 36,229 अस्पतालों में से 19,483 सरकारी हैं और 16,746 निजी — यह लगभग बराबर का बँटवारा किसी भी सरकारी बीमा योजना के लिए असामान्य है।

इस योजना में उम्र ही पात्रता है। सत्तर पार, तो कार्ड आपका — आमदनी का काग़ज़ नहीं माँगा जाएगा।

एक नज़र में

• वय वंदना कार्ड: फ़रवरी 2026 तक 1.14 करोड़ से ज़्यादा
• कुल आयुष्मान कार्ड: 43.52 करोड़ (28 फ़रवरी 2026 तक)
• जुड़े अस्पताल: 36,229 — 19,483 सरकारी, 16,746 निजी
• पात्रता: 70 वर्ष और उससे अधिक उम्र, आमदनी की कोई शर्त नहीं
• टॉप-अप कवर: पहले से शामिल परिवारों में बुज़ुर्ग के लिए अलग 5 लाख रुपये सालाना
• लक्ष्य: लगभग 4.5 करोड़ परिवारों के 6 करोड़ बुज़ुर्ग

कार्ड बनवाना है तो तीन चीज़ें साथ रखिए — आधार कार्ड, मोबाइल नंबर जो आधार से जुड़ा हो, और उम्र का प्रमाण। आयुष्मान ऐप या नज़दीकी कॉमन सर्विस सेंटर से रजिस्ट्रेशन हो जाता है, और सरकारी अस्पताल में तैनात आयुष्मान मित्र भी यह काम करा देते हैं। इलाज कैशलेस होता है, यानी अस्पताल में पैसा जमा नहीं करना पड़ता। एक सावधानी ज़रूरी है: अस्पताल का योजना में सूचीबद्ध होना अनिवार्य है। भर्ती होने से पहले यह पूछ लेना कि अस्पताल आयुष्मान से जुड़ा है या नहीं, बाद के पूरे झगड़े से बचा लेता है।

यह योजना क्यों मायने रखती है, यह एक आँकड़े से समझ आता है। भारत में बुज़ुर्गों के इलाज का बड़ा हिस्सा अब तक परिवार अपनी जेब से भरता रहा है, और एक गंभीर बीमारी अक्सर घर की जमापूँजी या ज़मीन तक खा जाती है। 6 करोड़ बुज़ुर्गों तक यह कवर पहुँचाना उसी चोट को रोकने की कोशिश है। आगे का काम कार्ड बनाने से आगे का है — छोटे शहरों और क़स्बों में जुड़े अस्पतालों की संख्या बढ़ाना, और भुगतान की प्रक्रिया इतनी तेज़ करना कि निजी अस्पताल योजना से जुड़े रहने में हिचकें नहीं। जहाँ यह दोनों हुआ है, वहाँ कार्ड सचमुच इलाज में बदला है।

ShareTweetSend

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

POPULAR NEWS

  • India shows way out to UN military observer group

    संरा के सैन्य पर्यवेक्षक समूह को भारत ने दिखाया बाहर का रास्ता

    0 shares
    Share 0 Tweet 0
  • प्रोपर्टी पर जिसका 12 साल से कब्जा, वही होगा मालिक

    0 shares
    Share 0 Tweet 0
  • 12 साल से है जमीन पर कब्जा तो वही होगा असली मालिक

    0 shares
    Share 0 Tweet 0
  • गंगाजल खराब नहीं होता, लेकिन क्यों ?

    0 shares
    Share 0 Tweet 0
  • पृथ्वी का आखिरी देश जहां सूरज केवल 40 मिनट के लिए ही डूबता है

    0 shares
    Share 0 Tweet 0
Welcome To Blitz India Media

© 2023 Blitz India Media -BlitzIndia Building A New Nation

Navigate Site

  • About
  • Our Team
  • Contact

Follow Us

No Result
View All Result
  • देश
  • उत्तर-प्रदेश
  • राष्ट्रीय
    • उत्तर-प्रदेश
  • राष्ट्रीय-अंतर्राष्ट्री
  • चुनाव विशेष
  • स्टेट-नेशनल
  • महिला-खेल
  • डाउनलोड
  • अंग्रेजी
  • संपर्क
  • ई-पेपर

© 2023 Blitz India Media -BlitzIndia Building A New Nation