• Latest
  • Trending

ज्ञान के साथ धैर्य, अनुशासन व लगातार मेहनत मांगती है यूपीएससी परीक्षा

June 2, 2026
biogas

गोबर और पराली का अब रेट तय

August 8, 2026
IIT-Delhi

सुपर कंप्यूटर अब सोनीपत में

August 8, 2026
textile

35 लाख बुनकर, और ₹1,331 करोड़ का सच

August 8, 2026
hospital

एमबीबीएस की सीटें 167 फ़ीसदी बढ़ीं

August 8, 2026
badminton-court

17 साल बाद दिल्ली में बैडमिंटन का वर्ल्ड कप

August 8, 2026
Gwalior-Fort-in-Madhya-Pradesh

ग्वालियर में ₹5,500 करोड़, 18 हज़ार नौकरियां

August 6, 2026
hospital

22 बच्चे, और वायरस का वाहक अब भी तय नहीं

August 6, 2026
farmer

किसान के हर ₹1 पर ₹2.30

August 6, 2026
यूपीआई और डीपीआई ने बदली भारत की डिजिटल अर्थव्यवस्था

अब सिर्फ़ 460 गांव बाकी हैं

August 6, 2026
solar

19 लाख घरों का बिजली बिल अब ज़ीरो

August 6, 2026
airport

अब खाड़ी नहीं, अमेरिका से आता है ज़्यादा पैसा

August 5, 2026
वैश्विक संकट के बीच भी नहीं थमेगी भारत की रफ्तार

यूपी में जीएसटी 15% बढ़ा

August 5, 2026
Saturday, August 8, 2026
Retail
संपर्क
डाउनलोड
  • देश
  • उत्तर-प्रदेश
  • राष्ट्रीय
    • उत्तर-प्रदेश
  • राष्ट्रीय-अंतर्राष्ट्री
  • चुनाव विशेष
  • स्टेट-नेशनल
  • महिला-खेल
  • डाउनलोड
  • अंग्रेजी
  • संपर्क
  • ई-पेपर
No Result
View All Result
Welcome To Blitz India Media
No Result
View All Result

ज्ञान के साथ धैर्य, अनुशासन व लगातार मेहनत मांगती है यूपीएससी परीक्षा

by ब्लिट्ज़ इंडिया
June 2, 2026
in the blitz
0

ब्लिट्ज ब्यूरो

नई दिल्ली। यूपीएससी परीक्षा केवल ज्ञान नहीं बल्कि धैर्य अनुशासन और लगातार मेहनत मांगती है। 2022 बैच के आईएएस अधिकारी के अनुसार एक मिनट में कोई भी ब्यूरोक्रेट नहीं बनता है। उन्होंने बताया कि सफलता के लिए यूपीएससी आपसे क्या चाहता है और तैयारी के लिए सही दिशा तय करना कितना जरूरी है।

प्रीलिम्स परीक्षा के मद्देनजर सही दिशा में तैयारी बेहद जरूरी है। सही रणनीति और आत्मविश्वास के साथ तैयारी करने वाले कैंडिडेट्स इस कठिन परीक्षा में आगे बढ़ पाते हैं और अपने लक्ष्य को हासिल करते हैं। 2022 बैच के आईएएस अधिकारी अर्पित गुप्ता ने बताया है कि यूपीएससी सिर्फ रटने की परीक्षा नहीं है बल्कि यह उम्मीदवार की सोच, समझ और धैर्य को परखती है।

YOU MAY ALSO LIKE

गोबर और पराली का अब रेट तय

35 लाख बुनकर, और ₹1,331 करोड़ का सच

यूपीएससी आपसे यह नहीं चाहता कि आप कितनी किताबें पढ़ते हैं, बल्कि यह चाहता है कि आप जानकारी को कितनी गहराई से समझकर आगे बढ़ते हैं।

आईएएस अर्पित गुप्ता 2022 बैच के भारतीय प्रशासनिक सेवा अधिकारी हैं। उन्होंने 24 साल की उम्र में यह महत्वपूर्ण उपलब्धि हासिल की थी। वे उत्तर प्रदेश के गोरखपुर जिले के रहने वाले हैं। 10वीं-12वीं की पढ़ाई के बाद उन्होंने आईआईटी रुड़की से मैकेनिकल इंजीनियरिंग में ग्रेजुएशन किया था। इसके बाद 2021 में यूपीएससी परीक्षा पास कर ऑल इंडिया रैंक 54 हासिल की थी। वर्तमान में वे मध्य प्रदेश कैडर में एसडीओ के रूप में काम कर रहे हैं।

लाखों बच्चे करते हैं कोचिंग

एक वीडियो में अर्पित गुप्ता यूपीएससी परीक्षा को लेकर अपना अनुभव साझा करते हुए कहते हैं कि ‘एक ब्यूरोक्रेट एक मिनट में नहीं बनता है। इस एग्जाम के लिए लाखों बच्चे कोचिंग के लिए जा रहे हैं। डेली बेसिस पर वही चीज पढ़ रहे हैं। इसके बाद उन्होंने निर्णय लिया था कि उन्हें कोचिंग नहीं ज्वाइन करनी है क्योंकि यूपीएससी की तैयारी में सबसे बड़ा रोल सेल्फ स्टडी का होता है। खुद से तैयारी पर ध्यान देते हुए वह आगे बढ़े।

यूपीएससी क्या चाहता है

अर्पित गुप्ता ने बताया कि लाखों बच्चे यूपीएससी की तैयारी कर रहे हैं। ऐसे में यह समझना जरूरी है कि यूपीएससी में कौन लोग पीछे छूट रहे हैं या उन 500-600 लोगों में ऐसा क्या है, 10-12 लाख लोगों में नहीं है। यूपीएससी आपसे चाहता है कि खुद से प्लानिंग करनी है, खुद से सीखना है और सबसे महत्वपूर्ण यह है कि कैसे करना है। अगर कोई दूसरा आपको बता रहा है तो वो उसकी स्ट्रैटेजी है, आपकी नहीं।

उनके अनुसार यूपीएससी यह नहीं देखता कि आप कितनी किताबें पढ़ते हैं या किस टाॅपिक को कैसे समझते हैं, बल्कि यह देखता है कि आप किसी जानकारी को कितनी गहराई से समझकर उसे कैसे लागू हैं। लाखों कैंडिडेट्स के बीच चयनित होने वाले उम्मीदवार वे होते हैं जो अपनी रणनीति खुद बनाते हैं और तैयारी करते हैं।

2022 बैच के आईएएस अधिकारी ने दिए टिप्स

अर्पित बताते हैं कि यूपीएससी की तैयारी के दौरान जब आप सेल्फ स्टडी करते हैं तो कॉन्सेप्ट ज्यादा स्पष्ट होते हैं।

यूपीएससी की तैयारी में सबसे पहले बेसिक को मजबूत करना चाहिए। जब नींव मजबूत होती है तो कठिन टॉपिक्स भी आसानी से समझ आते हैं।

बेसिक किताबों को बार-बार पढ़ना और कॉन्सेप्ट क्लियर करना सफलता की दिशा में पहला महत्वपूर्ण कदम माना जाता है।

पढ़ाई के दौरान महत्वपूर्ण पॉइंट्स को हाइलाइट करना बहुत जरूरी है। इससे रिवीजन के समय पूरा चैप्टर पढ़ने की जरूरत नहीं पड़ती।

छोटे और व्यवस्थित नोट्स बनाना भी तैयारी को आसान बनाता है। यह तरीका समय बचाने और परीक्षा से पहले तेज रिवीजन करने में मदद करता है।

लंबे समय तक लगातार पढ़ाई करने से मानसिक थकान हो सकती है। ऐसे में छोटे-छोटे ब्रेक लेना भी जरूरी है।

‘पुराने पेपर और अखबार से मिलती है सही दिशा’

अर्पित के अनुसार पिछले वर्षों के प्रश्न पत्र हल करना बेहद जरूरी है, इससे परीक्षा पैटर्न समझ आता है। साथ ही रोजाना अखबार पढ़ने से करंट अफेयर्स मजबूत होते हैं।

यह दोनों आदतें मिलकर तैयारी को अधिक प्रभावी बनाती हैं और सफलता की संभावना बढ़ाती हैं।

ShareTweetSend

POPULAR NEWS

  • India shows way out to UN military observer group

    संरा के सैन्य पर्यवेक्षक समूह को भारत ने दिखाया बाहर का रास्ता

    0 shares
    Share 0 Tweet 0
  • प्रोपर्टी पर जिसका 12 साल से कब्जा, वही होगा मालिक

    0 shares
    Share 0 Tweet 0
  • 12 साल से है जमीन पर कब्जा तो वही होगा असली मालिक

    0 shares
    Share 0 Tweet 0
  • गंगाजल खराब नहीं होता, लेकिन क्यों ?

    0 shares
    Share 0 Tweet 0
  • पृथ्वी का आखिरी देश जहां सूरज केवल 40 मिनट के लिए ही डूबता है

    0 shares
    Share 0 Tweet 0
Welcome To Blitz India Media

© 2023 Blitz India Media -BlitzIndia Building A New Nation

Navigate Site

  • About
  • Our Team
  • Contact

Follow Us

No Result
View All Result
  • देश
  • उत्तर-प्रदेश
  • राष्ट्रीय
    • उत्तर-प्रदेश
  • राष्ट्रीय-अंतर्राष्ट्री
  • चुनाव विशेष
  • स्टेट-नेशनल
  • महिला-खेल
  • डाउनलोड
  • अंग्रेजी
  • संपर्क
  • ई-पेपर

© 2023 Blitz India Media -BlitzIndia Building A New Nation