• Latest
  • Trending

हर वक्त एसी में न रहें, कमजोर होती इम्यूनिटी

May 7, 2026
भारत के सरकारी, कौशल, प्रवासी और जनकल्याण अपडेट

भारत के कौशल, प्रवासी, रक्षा, खाद्य और सरकारी योजनाओं से जुड़े प्रमुख अपडेट

September 24, 2026
भारत स्वास्थ्य, रेलवे, रक्षा और विकास अपडेट

भारत के स्वास्थ्य, रेलवे, रक्षा, आयुर्वेद और विकास से जुड़े प्रमुख अपडेट

September 24, 2026
infra

भारत का निर्यात, मैन्युफैक्चरिंग, एफटीए और एआई इंफ्रास्ट्रक्चर: प्रमुख आर्थिक अपडेट

September 24, 2026
भारत मंडपम, नई दिल्ली में 9वें भारत अंतरराष्ट्रीय जल सप्ताह का उद्घाटन करते उपराष्ट्रपति सी. पी. राधाकृष्णन, 22 सितंबर 2026। श्रेय : पीआईबी।

भारत की सरकारी योजनाएं, उड़ान, जल सप्ताह और राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार: प्रमुख अपडेट

September 24, 2026
आयुर्वेद, कोयला, सेमीकंडक्टर, MMA और सिने हब

22 सितंबर 2026 की प्रमुख खबरें: आयुर्वेद, कोयला, सेमीकंडक्टर, MMA और सिने हब

September 23, 2026
EPF स्कीम 2026 नए नियम

22 सितंबर 2026 की प्रमुख खबरें: पीएफ सीमा, न्यूजीलैंड FTA, फिल्म पुरस्कार और CAG रिपोर्ट

September 22, 2026
daily-news

भारत की प्रमुख खबरें 22 सितंबर 2026: बुजुर्ग योजना, कोर सेक्टर, हाईवे और रक्षा

September 22, 2026
daily-news

भारत की प्रमुख खबरें 21 सितंबर 2026: तेजस उड़ान, ग्वालियर टेलीकॉम जोन, खेल और फिल्म पुरस्कार

September 21, 2026
ब्रिक्स ने पहलगाम आतंकवादी हमले की कड़ी निंदा की

ब्रिक्स 2026: भारत की कूटनीतिक विजय

September 21, 2026
केदारनाथ यात्रा 2026

केदारनाथ पर बढ़ता प्राकृतिक जोखिम

September 21, 2026
पीएम मोदी का ‘दिमागी नक्सल’ बयान: विपक्ष की प्रतिक्रिया और वैचारिक बहस

सेवा के 25 वर्ष सुशासन का संकल्प और राष्ट्र निर्माण की सतत यात्रा।

September 21, 2026
modi

पीएम मोदी के जन्मदिन पर शुरू हुआ ‘सेवा संकल्प अभियान’

September 21, 2026
Friday, September 25, 2026
Retail
संपर्क
डाउनलोड
  • देश
  • उत्तर-प्रदेश
  • राष्ट्रीय
    • उत्तर-प्रदेश
  • राष्ट्रीय-अंतर्राष्ट्री
  • चुनाव विशेष
  • स्टेट-नेशनल
  • महिला-खेल
  • डाउनलोड
  • अंग्रेजी
  • संपर्क
  • ई-पेपर
No Result
View All Result
Welcome To Blitz India Media
No Result
View All Result

हर वक्त एसी में न रहें, कमजोर होती इम्यूनिटी

by ब्लिट्ज़ इंडिया
May 7, 2026
in the blitz
0

ब्लिट्ज ब्यूरो

नई दिल्ली। आजकल एयरकंडीशनर हमारी रोजमर्रा की जिंदगी का अहम हिस्सा बन चुका है। घर से लेकर ऑफिस तक, दिन का ज्यादातर हिस्सा एसी में गुजरता है। इसके अपने फायदे हैं, लेकिन कुछ नुकसान भी होते हैं।

लगातार ठंडी और ड्राई हवा में रहने से इम्यूनिटी कमजोर पड़ सकती है। साथ ही बंद कमरे का माहौल और टेम्परेचर में बार-बार बदलाव सेहत के लिए चुनौती बन सकता है। ऐसे में जरूरी है कि एसी के इस्तेमाल के साथ अपनी सेहत का भी ध्यान रखें।

YOU MAY ALSO LIKE

भारत के कौशल, प्रवासी, रक्षा, खाद्य और सरकारी योजनाओं से जुड़े प्रमुख अपडेट

भारत के स्वास्थ्य, रेलवे, रक्षा, आयुर्वेद और विकास से जुड़े प्रमुख अपडेट

एसी की हवा हमारे शरीर को कैसे प्रभावित करती है? इसके जवाब में एक्सपर्ट्स का कहना है कि एसी की ठंडी-शुष्क हवा स्किन और रेस्पिरेटरी ट्रैक्ट को ड्राई कर सकती है। लगातार ठंडे टेम्परेचर में रहने से शरीर की थर्मोरेगुलेशन प्रक्रिया स्लो हो जाती है।

कम वेंटिलेशन वाले कमरों में कार्बन डाइऑक्साइड और इनडोर पॉल्यूशन बढ़ सकता है।

एयर फ्लो के सामने बैठने से आंखों में ड्राईनेस और जलन हो सकती है।

टेम्परेचर में बार-बार बदलाव से मसल स्टिफनेस और सिरदर्द हो सकता है।

एसी फिल्टर गंदा होने पर एलर्जन और धूल के कण से इन्फेक्शन हो सकता है।

लगातार ठंडे वातावरण में रहने से शरीर बाहरी टेम्परेचर के अनुसार एडजस्ट नहीं हो पाता है। इससे इम्यून सिस्टम प्रभावित होता है।

ड्राई एयर से म्यूकस मेम्ब्रेन (गले की प्रोटेक्टिव लेयर) की नमी घट जाती है। इससे संक्रमण हो सकता है।

धूप न मिलने से विटामिन-डी की कमी हो सकती है।

बंद जगहों में वायरस और बैक्टीरिया का ट्रांसमिशन तेजी से होता है। देर तक ठंडी हवा में रहने से सर्दी-जुकाम, गले में खराश और खांसी हो सकती है।

स्किन ड्राईनेस और डिहाइड्रेशन की समस्या हो सकती है, जिससे स्किन बैरियर कमजोर होता है।

इम्यून सिस्टम कमजोर क्यों होता है? इस पर विशेषज्ञों ने बताया कि गर्मी में लंबे समय तक एसी में रहने से शरीर का टेम्परेचर थर्मल एडैप्टेशन (टेम्परेचर के अनुसर बॉडी एडजस्टमेंट) कमजोर हो जाता है।

ठंडी-शुष्क हवा से रेस्पिरेटरी ट्रैक्ट की म्यूकस लेयर ड्राई हो जाती है। इससे इम्यूनिटी कमजोर हो सकती है।

बंद कमरों में ताजी हवा कम मिलने से माइक्रोब्स का एक्सपोजर बढ़ सकता है।

लो टेम्परेचर से ब्लड सर्कुलेशन और मेटाबॉलिक एक्टिविटी प्रभावित हो सकती है।

धूप न मिलने से विटामिन-डी सिंथेसिस घटता है, जिससे इम्यून फंक्शन कमजोर हो जाता है।

बार-बार ठंडे-गर्म माहौल में जाने से शरीर पर फिजियोलॉजिकल स्ट्रेस (बॉडी पर काम का दबाव) बढ़ता है।

क्या हर वक्त एसी में रहने वाले लोग जल्दी बीमार पड़ते हैं? ऐसा नहीं है, लेकिन लगातार एसी में रहने से बाहरी मौसम के प्रति शरीर की सहनशीलता कम हो सकती है।

लो एयर सर्कुलेशन वाले कमरों में संक्रमण का रिस्क बढ़ जाता है।

टेम्परेचर में बदलाव का अनुभव न होने से थर्मल एडैप्टेशन प्रभावित होता है।

धूप न मिलने से सर्केडियन रिद्म और हॉर्मोनल इंबैलेंस हो सकता है।

ठंडे माहौल में बैठने से नाक-गले में इन्फेक्शन हो सकता है।

एसी का टेम्परेचर बहुत कम रखने से शरीर के डिफेंस मैकेनिज्म पर प्रभाव पड़ता है?

लो टेम्परेचर से शरीर को हीट कंजर्व करने के लिए लगातार काम करना पड़ता है। इससे ब्लड वेसल्स संकुचित हो सकती हैं और इम्यून रिस्पॉन्स स्लो हो सकता है।

नाक और गले की नेचुरल क्लीनिंग प्रोसेस धीमी पड़ जाती है।

ठंडी हवा से व्हाइट ब्लड सेल्स की एफिशिएंसी प्रभावित हो सकती है, जिससे संक्रमण से लड़ने की क्षमता कम होती है।

ShareTweetSend

POPULAR NEWS

  • India shows way out to UN military observer group

    संरा के सैन्य पर्यवेक्षक समूह को भारत ने दिखाया बाहर का रास्ता

    0 shares
    Share 0 Tweet 0
  • प्रोपर्टी पर जिसका 12 साल से कब्जा, वही होगा मालिक

    0 shares
    Share 0 Tweet 0
  • 12 साल से है जमीन पर कब्जा तो वही होगा असली मालिक

    0 shares
    Share 0 Tweet 0
  • गंगाजल खराब नहीं होता, लेकिन क्यों ?

    0 shares
    Share 0 Tweet 0
  • पृथ्वी का आखिरी देश जहां सूरज केवल 40 मिनट के लिए ही डूबता है

    0 shares
    Share 0 Tweet 0
Welcome To Blitz India Media

© 2023 Blitz India Media -BlitzIndia Building A New Nation

Navigate Site

  • About
  • Our Team
  • Contact

Follow Us

No Result
View All Result
  • देश
  • उत्तर-प्रदेश
  • राष्ट्रीय
    • उत्तर-प्रदेश
  • राष्ट्रीय-अंतर्राष्ट्री
  • चुनाव विशेष
  • स्टेट-नेशनल
  • महिला-खेल
  • डाउनलोड
  • अंग्रेजी
  • संपर्क
  • ई-पेपर

© 2023 Blitz India Media -BlitzIndia Building A New Nation