• Latest
  • Trending

पाक के हाथ से खिसक रहा बलूचिस्तान

April 4, 2025
5.5% और 16.2%: भारत में नौकरियों की कमी नहीं है, उम्र का मेल नहीं बैठ रहा है

5.5% और 16.2%: भारत में नौकरियों की कमी नहीं है, उम्र का मेल नहीं बैठ रहा है

July 30, 2026
vikram

वह रडार जो ज़मीन का खिसकना देख लेता है: निसार के पहले साल से भारत को क्या मिला

July 30, 2026
Federal-Reserve-board

वॉशिंगटन में तीन अधिकारी ब्याज दर बढ़ाना चाहते थे — और यह ख़बर मुंबई तक सुबह से पहले पहुंच गई

July 30, 2026
दक्षिण-पश्चिम मानसून 2026

40% की कमी से 15% तक: एक मुश्किल मानसून ने ख़ुद को कगार से वापस खींच लिया

July 30, 2026
Commonwealth-Games

10.71 और 10.83 सेकंड: राष्ट्रमंडल की एक फ़र्राटा दौड़ में भारत के दो खिलाड़ी पहले-दूसरे स्थान पर रहे

July 30, 2026
jal-jeevan-mission-jal-suraksha

नल लग गया। अब असली सवाल यह है कि उसमें पानी रोज़ आता है या नहीं, और वह पीने लायक़ है या नहीं

July 29, 2026
solar

छह महीने में 29 गीगावाट: छत पर लगे सोलर ने भारत की हरित रफ़्तार को वह गति दे दी जो 2030 के लक्ष्य के लिए चाहिए थी

July 29, 2026
vikram

एक साल में सात मिशन: इसरो अंतरिक्ष का सबसे मुश्किल काम कर रहा है — लय बनाना

July 29, 2026
store

सेंसेक्स 889 अंक चढ़ा, और नतीजों में एक बड़ी बात: गांव का बाज़ार लगातार दूसरी तिमाही शहर से आगे

July 29, 2026
exam

क़ानून, कार्रवाई और एक टास्क फ़ोर्स: देश अपनी सबसे बड़ी परीक्षाओं का पूरा ढांचा दोबारा खड़ा कर रहा है

July 29, 2026
भारत का भूजल संकट और जल सुरक्षा की चुनौती

ज़मीन के नीचे का पानी: भारत का सबसे ज़रूरी संसाधन वही है जो दिखता नहीं

July 29, 2026
भारत इलेक्ट्रिक वाहन

बारह महीनों में 28 लाख इलेक्ट्रिक गाड़ियां: अब यह प्रयोग नहीं, बाज़ार है

July 29, 2026
Friday, July 31, 2026
Retail
संपर्क
डाउनलोड
  • देश
  • उत्तर-प्रदेश
  • राष्ट्रीय
    • उत्तर-प्रदेश
  • राष्ट्रीय-अंतर्राष्ट्री
  • चुनाव विशेष
  • स्टेट-नेशनल
  • महिला-खेल
  • डाउनलोड
  • अंग्रेजी
  • संपर्क
  • ई-पेपर
No Result
View All Result
Welcome To Blitz India Media
No Result
View All Result

पाक के हाथ से खिसक रहा बलूचिस्तान

- तुर्बत शहर पर बलूच विद्रोहियों का कब्जा, एक्सपर्ट बोले-भारत करे मदद

by ब्लिट्ज़ इंडिया
April 4, 2025
in the blitz
0

YOU MAY ALSO LIKE

5.5% और 16.2%: भारत में नौकरियों की कमी नहीं है, उम्र का मेल नहीं बैठ रहा है

वह रडार जो ज़मीन का खिसकना देख लेता है: निसार के पहले साल से भारत को क्या मिला

ब्लिट्ज ब्यूरो

इस्लामाबाद। पाकिस्तान के शिकंजे से बलूचिस्तान फिसलने लगा है। वहां हालात काफी खतरनाक हो गये हैं। बलूचिस्तान के हजारों लोग सड़कों पर उतर कर पाकिस्तान से आजादी की मांग कर रहे हैं। दूसरी तरफ पाकिस्तान की सेना विद्रोह को कुचलने के लिए क्रूरता और हैवानियत पर उतर आई है। छोटे छोटे बच्चों की पाकिस्तानी सेना गोली मारकर हत्या कर रही है। बलूचिस्तान की सबसे बड़ी नेता माने जाने वाली महरंग बलूच को पाकिस्तानी फौज ने अगवा कर लिया है। उनके साथ कई महिला नेताओं को अगवा किया गया है और उनकी रिहाई की मांग को लेकर बलूचिस्तान के दर्जनों शहरों में प्रदर्शन हो रहे हैं। इस बीच बलूचिस्तान के तुर्बत शहर पर बलूच विद्रोहियों का कब्जा हो गया है। तुर्बत के अलावा भी कुछ और शहरों पर बलूच विद्रोहियों के कब्जे की खबर है। कई हाईवे को बलूच विद्रोहियों ने बंद कर दिया है।
हालात काफी खतरनाक हो चुके हैं और ऐसा लग रहा है कि बलूच फ्रीडम फाइटर्स पाकिस्तान से आजादी हासिल करके ही दम लेंगे। बलूचिस्तान से आ रही ताजा रिपोर्ट्स के मुताबिक विद्रोहियों के दो अलग-अलग भीषण हमलों में कम से कम आठ लोग मारे गए हैं और 17 घायल हुए हैं। मारे जाने वाले ज्यादातर लोग पाकिस्तानी सेना के जवान और पाकिस्तान के पंजाब प्रांत के लोग थे। बलूच विद्रोही चुन-चुनकर पाकिस्तानी पंजाब के लोगों को मार रहे हैं। हालात ये हो गये हैं कि पंजाब के लोग बलूचिस्तान से भाग रहे हैं। दूसरी तरफ बलूचिस्तान की राजधानी क्वेटा के बारेच मार्केट इलाके में एक पुलिस वाहन को धमाके में उड़ा दिया गया, जिसमें दो लोगों की मौत हो गई।
बलूचिस्तान के लोग मांग रहे हैं भारत की मदद
पाकिस्तानी मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक इससे पहले बलूच विद्रोहियों ने ग्वादर जिले में एक यात्री बस से पंजाब के 6 लोगों को उतारकर गोली मारकर हत्या कर दी थी। इसके अलावा 3 लोगों को अगवा भी कर लिया है। इस बीच बलूचिस्तान के लोग भारत से मदद की मांग कर रहे हैं। कई बलूच नेता लगातार भारत से मदद की गुहार लगा रहे हैं। बलूचिस्तान की गतिविधियों पर नजर रखने वाले पाकिस्तानी मूल के कनाडाई पत्रकार ताहिर असलम गोरा ने कहा है कि तुर्बत शहर पर बलूच विद्रोहियों का कब्जा हो गया है।
उन्होंने कहा कि तुर्बत पर ‘सरबचारी’ का कब्जा हो गया है। आपको बता दें कि ‘सरबचारी’ बलूच विद्रोहियों को कहा जाता है। एक मीडिया रिपोर्ट में कहा गया है कि बलूचिस्तान की आजादी की मांग करने वाले सशस्त्र समूहों का एक संगठन, बलूच राजी आजोई संगर (बीआरएएस) ने पाकिस्तानी सेना, उनके सहायक बलों और बलूचिस्तान में खनिज संसाधनों को ले जाने वाली गाड़ियों पर एक साथ 48 हमले किए हैं। वहीं ग्वादर के पिसनी शहर में भी कई धमाके किए गये हैं, जहां चीन अपना सीपीईसी प्रोजेक्ट चला रहा है।
इसके अलावा तुर्बत शहर में आने जाने के रास्तों को बंद कर दिया गया है। सिर्फ बलूच लोग ही शहर में आजा सकते हैं। बलूच विद्रोही लोगों के आईडी कार्ड की जांच करने के बाद ही आने जाने की इजाजत दे रहे हैं। शहर से पाकिस्तानी सेना के जवानों को बाहर भगा दिया गया है। इसके अलावा कराची शहर को बलूचिस्तान की राजधानी से जोड़ने वाले नेशनल हाईवे मश्तून पर भी बलूच विद्रोहियों का कब्जा हो गया है। हाईवे की नाकेबंदी कर दी गई है। ताहिर असलम गोरा ने कहा है कि बलूचिस्तान के हालात काफी खराब हो चुके हैं।
‘बांग्लादेश की तरह नमकहराम नहीं बलूचिस्तान’
ताहिर असलम गोरा ने अपने वीडियो में कहा है कि पाकिस्तान भारत पर बलूचिस्तान में अशांति का आरोप लगा रहा है, जबकि बलूचों का कहना है कि उन्हें भारत से कोई मदद नहीं मिल रही है। ताहिर असलम गोरा ने भारत से बलूचों की मदद का आह्वान किया है। उन्होंने कहा है कि बलूचिस्तान के लोग बांग्लादेशियों की तरह अहसानफरामोश नहीं हैं। उन्होंने कहा है कि हजारों लोग आजादी के लिए अपनी गलियों, मुहल्लों और जिलों में बाहर निकल चुके हैं। ताहिर असलम गोरा ने कहा है कि पाकिस्तान के भी कई लोग अब बलूचों के खिलाफ पाकिस्तानी सेना के जुल्म के खिलाफ खड़े हो रहे हैं। उन्होंने कहा कि इमरान खान की पार्टी के खिलाफ भी पाकिस्तानी सेना ने ऐसा ही जुल्म किया था। इसके अलावा उन्होंने आह्वान किया है कि जिन इलाकों में बलूचों ने कब्जा कर लिया है, वहां पर पाकिस्तानी सेना को हमला नहीं करना चाहिए।
वहीं पाकिस्तानी मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक बलूचिस्तान के स्कूलों से पाकिस्तान के झंडे हटा लिए गये हैं। इसके बाद बलूचिस्तान की प्रांतीय सरकार ने स्कूलों को पाकिस्तान का झंडा फिर से लगाने के आदेश जारी किए हैं। रिपोर्ट के मुताबिक स्कूलों को धमकी दी गई है कि अगर फिर से पाकिस्तानी झंडे नहीं लगाए गये तो उनके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी लेकिन ज्यादातर स्कूलों ने फैसला मानने से इनकार कर दिया है।

ShareTweetSend

POPULAR NEWS

  • India shows way out to UN military observer group

    संरा के सैन्य पर्यवेक्षक समूह को भारत ने दिखाया बाहर का रास्ता

    0 shares
    Share 0 Tweet 0
  • प्रोपर्टी पर जिसका 12 साल से कब्जा, वही होगा मालिक

    0 shares
    Share 0 Tweet 0
  • 12 साल से है जमीन पर कब्जा तो वही होगा असली मालिक

    0 shares
    Share 0 Tweet 0
  • गंगाजल खराब नहीं होता, लेकिन क्यों ?

    0 shares
    Share 0 Tweet 0
  • पृथ्वी का आखिरी देश जहां सूरज केवल 40 मिनट के लिए ही डूबता है

    0 shares
    Share 0 Tweet 0
Welcome To Blitz India Media

© 2023 Blitz India Media -BlitzIndia Building A New Nation

Navigate Site

  • About
  • Our Team
  • Contact

Follow Us

No Result
View All Result
  • देश
  • उत्तर-प्रदेश
  • राष्ट्रीय
    • उत्तर-प्रदेश
  • राष्ट्रीय-अंतर्राष्ट्री
  • चुनाव विशेष
  • स्टेट-नेशनल
  • महिला-खेल
  • डाउनलोड
  • अंग्रेजी
  • संपर्क
  • ई-पेपर

© 2023 Blitz India Media -BlitzIndia Building A New Nation