• Latest
  • Trending
Vande Bharat has covered a distance of 310 times around the earth in one year

राजधानी-शताब्दी से भी लंबी होगी वंदे भारत एक्सप्रेस

August 30, 2024
भारत उच्च शिक्षा

कक्षा भी एक अवसंरचना है: अपनी प्रतिभा को रोकने की भारत की कोशिश

July 23, 2026
ev-charging

सड़क पर रिकॉर्ड महीना: जून में ईवी बिक्री नई ऊंचाई पर

July 23, 2026
अक्षर पटेल के ऑलराउंड प्रदर्शन से भारत ने एजबेस्टन में पहला वनडे छह विकेट से जीत लिया।

हरारे में युवा ब्रिगेड: भारत ने टॉस जीतकर पहले गेंदबाज़ी चुनी

July 23, 2026
स्काईरूट के विक्रम-1 ने रचा इतिहास, भारत बना तीसरा देश

पहले सुरक्षा, फिर सितारे: गगनयान उड़ान की ओर क़दम-दर-क़दम

July 23, 2026
Market

लगातार चौथे दिन गिरावट: छह हफ़्ते के ऊंचे स्तर के पास तेल ने माहौल तय किया

July 23, 2026
medicine

दुनिया की फार्मेसी और वह “बारीक अक्षरों” वाली शर्त

July 23, 2026
कावेरी जल विवाद पर फिर गरमाई तमिलनाडु की राजनीति

मानसून की मेहरबानी से आगे: जल सुरक्षा की लंबी राह

July 23, 2026
Zimbabwe

युवा टीम, नई शुरुआत: भारत का ज़िम्बाब्वे में आगाज़ आज

July 23, 2026
Market

लगातार तीसरे दिन गिरावट: तेल और टैरिफ़ की घड़ी के बीच बाज़ार सतर्क

July 23, 2026
export

आख़िरी एक फ़ीसदी: 24 जुलाई की घड़ी के बीच भारत-अमेरिका व्यापार वार्ता

July 23, 2026
स्काईरूट के विक्रम-1 ने रचा इतिहास, भारत बना तीसरा देश

सात उड़ानों का साल: इसरो का अब तक का सबसे व्यस्त वर्ष

July 23, 2026
हिमालय में सुरक्षित विकास ही भविष्य का रास्ता

नाज़ुक हिमालय में निर्माण: ऐसा विकास जो पहाड़ का सम्मान करे

July 22, 2026
Thursday, July 23, 2026
Retail
संपर्क
डाउनलोड
  • देश
  • उत्तर-प्रदेश
  • राष्ट्रीय
    • उत्तर-प्रदेश
  • राष्ट्रीय-अंतर्राष्ट्री
  • चुनाव विशेष
  • स्टेट-नेशनल
  • महिला-खेल
  • डाउनलोड
  • अंग्रेजी
  • संपर्क
  • ई-पेपर
No Result
View All Result
Welcome To Blitz India Media
No Result
View All Result

राजधानी-शताब्दी से भी लंबी होगी वंदे भारत एक्सप्रेस

- रेल मंत्रालय इसमें जोड़ेगा 24 डिब्बे

by ब्लिट्ज़ इंडिया
August 30, 2024
in the blitz
0
Vande Bharat has covered a distance of 310 times around the earth in one year
ब्लिट्ज ब्यूरो

नई दिल्ली। प्रीमियम ट्रेनों की बात करें तो देश में पहले राजधानी और शताब्दी एक्सप्रेस का नाम आता था। नरेंद्र मोदी सरकार ने सेमी हाई-स्पीड ट्रेन के रूप में वंदे भारत के ऑपरेशन की शुरुआत की। अभी तक वंदे भारत या तो 16 डिब्बे की होती थी या फिर आठ डिब्बे की लेकिन अब रेल मंत्रालय ने 24 डिब्बे वाली वंदे भारत बनवाने का फैसला किया है। जी हां, यदि ऐसी ट्रेन बनी तो यह प्रीमियम ट्रेनों में सबसे लंबी ट्रेन बन जाएगी। अभी तक इस श्रेणी में सबसे लंबी ट्रेन राजधानी एक्सप्रेस है। इस ट्रेन में अधिकतम 22 डिब्बे जोड़े जाते है

क्या है रेलवे का लेटेस्ट फैसला
भारतीय रेल ने 35,000 करोड़ रुपये की वंदे भारत सेमी-हाई स्पीड ट्रेन के टेंडर को संशोधित किया है। रेलवे ने पहले 120 ट्रेन सेट की सप्लाई का आर्डर दिया था। इन हर ट्रेन सेट में 16 डिब्बे होने थे। अब जो नई योजना तैयार की गई है, उसमें सप्लायर को 80 ट्रेन सेट की सप्लाई करनी है। इन हर ट्रेन सेट में 24 कोच या डिब्बे होंगे। इन ट्रेन में पेंट्री कार भी होंगे।

YOU MAY ALSO LIKE

कक्षा भी एक अवसंरचना है: अपनी प्रतिभा को रोकने की भारत की कोशिश

सड़क पर रिकॉर्ड महीना: जून में ईवी बिक्री नई ऊंचाई पर

कितनी होगी ट्रेन की कीमत
अनुमान है कि 24 डिब्बे के हर ट्रेन सेट की कीमत लगभग 120 करोड़ रुपये होंगे। इसका निर्माण महाराष्ट्र के लातूर में होगा। वहां रेल मंत्रालय की कंपनी रेल विकास निगम लिमिटेड और रूसी कंपनियों के कंसोर्टियम का एक संयुक्त उपक्रम लग रहा है। उम्मीद है कि इसी साल नवंबर तक यह मैन्यूफैक्चरिंग यूनिट बन कर तैयार हो जाएगा।

पहली प्रोटोटाइप ट्रेन अगले साल
उम्मीद है कि महाराष्ट्र के लातूर में विनिर्माण सुविधा को इस साल नवंबर तक रेल विकास निगम लिमिटेड और एक रूसी संघ के बीच एक संयुक्त उद्यम को सौंप दिया जाएगा। इसके बाद वहां 24 डिब्बों वाले वंदे भारत ट्रेन सेट का बनना शुरू होगा। उम्मीद है कि इस ट्रेन का पहला प्रोटोटाइप सितंबर 2025 तक आ जाएगा।

कौन बनाएंगे यह ट्रेन
इस ट्रेन को बनाने में पहली पार्टनर तो रेल मंत्रालय की कंपनी आरवीएनएल है। इसके साथ रूसी इंजीनियरिंग कंपनी मेट्रोवागोनमैश और लोकोमोटिव इलेक्ट्रॉनिक सिस्टम शामिल हैं। यही तीनों कंपनियां मिल कर महाराष्ट्र के लातूर में ट्रेनों का प्रोडक्शन करेंगे।

क्या था मूल कांट्रेक्ट
वंदे भारत के मूल कांट्रेक्ट में 200 स्लीपर वेरिएंट वंदे भारत ट्रेन सेट का प्रोडक्शन शामिल था। इन ट्रेनों में से प्रत्येक में 16 कोच होने थे। साथ ही, इन ट्रेनों के 35 साल की रखरखाव योजना भी थी। इस कांट्रेक्ट के एल1 बोलीदाता को लातूर में मराठवाड़ा रेल कोच फैक्ट्री में 120 ट्रेन सेट का उत्पादन करना था, जबकि एल 2 बोलीदाता चेन्नई में आईसीएफ में 80 ट्रेन सेट के लिए जिम्मेदार था। अब रेल मंत्रालय द्वारा ‘वर्क ऑफ स्कोप’ में हाल ही में किए गए बदलाव के तहत अब 24 कोचों वाले 80 ट्रेन सेटों के उत्पादन की आवश्यकता है।

24 कोच वाले वंदे भारत ट्रेन सेट के प्रोटोटाइप आने के बाद उसका परीक्षण होगा। यह यदि परीक्षण में सफल रहता है तो उसके एक साल बाद 12 वंदे भारत ट्रेनों के पहले बैच के बनने की उम्मीद है। इसके बाद दूसरे वर्ष में 18 ट्रेन सेट की डिलीवरी होगी। फिर तीसरे साल 25 ट्रेन सेटों के बैचों की डिलीवरी होगी। इस वंदे भारत ट्रेन सेट के मेंटनेंस के लिए जोधपुर, दिल्ली और बेंगलुरु में मेंटनेंस फेसिलिटी डेवलप की जा रही है।

ShareTweetSend

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

POPULAR NEWS

  • India shows way out to UN military observer group

    संरा के सैन्य पर्यवेक्षक समूह को भारत ने दिखाया बाहर का रास्ता

    0 shares
    Share 0 Tweet 0
  • प्रोपर्टी पर जिसका 12 साल से कब्जा, वही होगा मालिक

    0 shares
    Share 0 Tweet 0
  • 12 साल से है जमीन पर कब्जा तो वही होगा असली मालिक

    0 shares
    Share 0 Tweet 0
  • गंगाजल खराब नहीं होता, लेकिन क्यों ?

    0 shares
    Share 0 Tweet 0
  • पृथ्वी का आखिरी देश जहां सूरज केवल 40 मिनट के लिए ही डूबता है

    0 shares
    Share 0 Tweet 0
Welcome To Blitz India Media

© 2023 Blitz India Media -BlitzIndia Building A New Nation

Navigate Site

  • About
  • Our Team
  • Contact

Follow Us

No Result
View All Result
  • देश
  • उत्तर-प्रदेश
  • राष्ट्रीय
    • उत्तर-प्रदेश
  • राष्ट्रीय-अंतर्राष्ट्री
  • चुनाव विशेष
  • स्टेट-नेशनल
  • महिला-खेल
  • डाउनलोड
  • अंग्रेजी
  • संपर्क
  • ई-पेपर

© 2023 Blitz India Media -BlitzIndia Building A New Nation