• Latest
  • Trending
सिमरनदीप कौर UPSC सफलता

3 बार फेल, चौथे प्रयास में किसान की बेटी बनीं आईएएस

September 21, 2026
daily-news

सप्ताह की समीक्षा: रेपो रेट में 0.25% की बढ़ोतरी, GST नियमों में राहत और रिकॉर्ड रक्षा निर्यात

October 11, 2026
daily-news

14416 पर चार साल में 47.75 लाख कॉल

October 10, 2026
medicine

दवा, कोयला, खादी और व्यापार पर सरकार के नए कदम

October 9, 2026
अर्थव्यवस्था

जीएसटी सुधार, नाविकों की संख्या और भारतनेट का विस्तार

October 9, 2026
यशोभूमि, नई दिल्ली में 10वें इंडिया मोबाइल कांग्रेस के उद्घाटन पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, 8 अक्टूबर 2026। श्रेय : पीएमओ (pmindia.gov.in)

किसान के फोन पर किस्त, हर जिले में 5जी

October 8, 2026
यूपीआई और डीपीआई ने बदली भारत की डिजिटल अर्थव्यवस्था

कर्ज महंगा, पर अर्थव्यवस्था 7.1% की रफ्तार पर

October 7, 2026
भारत विकास: वीजा, रक्षा, खेल और ऊर्जा की बड़ी खबरें

भारत विकास: वीजा, रक्षा, खेल और ऊर्जा की बड़ी खबरें

October 6, 2026
भारतीय पायलट के हौसले की इंतहा...!

भारतीय पायलट के हौसले की इंतहा…!

October 5, 2026
jai-shankar

न्यूयॉर्क में दिखी नए भारत की ‘दबंग कूटनीति’

October 5, 2026
संसद का मॉनसून सत्र 2026: हंगामे में बर्बाद हुआ समय और जनता के धन का नुकसान

लोकतंत्र में विपक्ष कितना रचनात्मक

October 5, 2026
अर्थव्यवस्था के नए इंजन: उभरते 100 शहरों में 55 भारतीय

अर्थव्यवस्था के नए इंजन: उभरते 100 शहरों में 55 भारतीय

October 5, 2026
परमार्थ के पथ पर अशोक सिंघल युवा उनके आदर्शों से लें प्रेरणा

परमार्थ के पथ पर अशोक सिंघल युवा उनके आदर्शों से लें प्रेरणा

October 5, 2026
Sunday, October 11, 2026
Retail
संपर्क
डाउनलोड
  • देश
  • उत्तर-प्रदेश
  • राष्ट्रीय
    • उत्तर-प्रदेश
  • राष्ट्रीय-अंतर्राष्ट्री
  • चुनाव विशेष
  • स्टेट-नेशनल
  • महिला-खेल
  • डाउनलोड
  • अंग्रेजी
  • संपर्क
  • ई-पेपर
No Result
View All Result
Welcome To Blitz India Media
No Result
View All Result

3 बार फेल, चौथे प्रयास में किसान की बेटी बनीं आईएएस

कड़ी मेहनत और लक्ष्य स्पष्ट हो तो कुछ भी मुश्किल नहीं

by ब्लिट्ज़ इंडिया
September 21, 2026
in the blitz
0
सिमरनदीप कौर UPSC सफलता

नई दिल्ली। सफलता की राह हमेशा आसान नहीं होती। कई बार मंजिल तक पहुंचने के लिए असफलताओं से गुजरना पड़ता है और लगातार खुद को बेहतर बनाना पड़ता है। पंजाब के पटियाला की रहने वाली सिमरनदीप कौर की कहानी भी कुछ ऐसी ही है। किसान परिवार से आने वाली सिमरनदीप ने यूपीएससी सिविल सेवा परीक्षा में तीन असफलताओं के बाद हार नहीं मानी। चौथे प्रयास में उन्होंने देशभर में 15वीं रैंक हासिल कर आईएएस बनने का सपना पूरा किया। हालांकि यह राह बिल्कुल आसान नहीं थी। इसके लिए उन्होंने कई बार तैयारी की प्लानिंग में भी बदलाव किया।

कौन हैं सिमरनदीप कौर

सिमरनदीप कौर पटियाला के छोटे से गांव बिरारवाल की रहने वाली हैं। उनके पिता कुलदीप सिंह किसान हैं और मां अमनदीप कौर गृहिणी हैं। परिवार की आर्थिक सीमाओं के बावजूद उनके माता-पिता ने बेटी की पढ़ाई और यूपीएससी की तैयारी में पूरा सहयोग किया। सिमरनदीप कौर की स्कूली पढ़ाई दयानंद पब्लिक स्कूल पंजाब से हुई है। इसके बाद उन्होंने खालसा कॉलेज पटियाला से ह्यूमैनिटीज में ग्रेजुएशन किया। ग्रेजुएशन की पढ़ाई के बाद सिमरनदीप ने पॉलिटिकल साइंस से पोस्ट ग्रेजुएशन किया और यूजीसी नेट भी क्वालिफाई किया लेकिन उनका सपना था आईएएस बनना।

YOU MAY ALSO LIKE

सप्ताह की समीक्षा: रेपो रेट में 0.25% की बढ़ोतरी, GST नियमों में राहत और रिकॉर्ड रक्षा निर्यात

14416 पर चार साल में 47.75 लाख कॉल

कैसे हुआ यूपीएससी की तरफ रुझान

मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक, सिमरनदीप जब 12वीं कक्षा में मेडिकल स्ट्रीम से पढ़ाई कर रही थीं, उस दौरान उनके स्कूल में एक पीसीएस अधिकारी मुख्य अतिथि के तौर पर पहुंचे थे। अधिकारी का व्यक्तित्व, उनका रुतबा और समाज के लिए काम करने का नजरिया सिमरनदीप को काफी प्रभावित कर गया। इसी मुलाकात के बाद उन्होंने सिविल सेवा में जाने का लक्ष्य तय कर लिया।

नहीं मानी हार

यूपीएससी की तैयारी के दौरान सिमरनदीप को लगातार तीन बार असफलता का सामना करना पड़ा। वह इन प्रयासों में प्रीलिम्स परीक्षा तो पास कर लेती थीं, लेकिन मेन्स में सफलता नहीं मिल पाती थी। तीन असफल प्रयासों के बाद उन्होंने अपनी तैयारी और खासकर उत्तर लिखने के तरीके पर गंभीरता से काम किया।

सिमरनदीप कौर ने अपनी प्लानिंग में बदलाव करते हुए टॉपर्स की कॉपियों को देखा और यह समझने की कोशिश की कि बेहतर उत्तर किस तरह लिखा जाता है। इसके बाद उन्होंने अपनी गलतियों और कमियों को दूर किया। उनकी यही बदली हुई रणनीति चौथे प्रयास में काम आई और उन्होंने ऑल इंडिया 15वीं रैंक हासिल कर ली।

बिना क्लासरूम कोचिंग के घर पर तैयारी

सिमरनदीप ने अपनी तैयारी में कंसिस्टेंसी यानी निरंतरता को सबसे ज्यादा महत्व दिया। उन्होंने बिना कोचिंग के घर से पढ़ाई की। रिपोर्ट्स के मुताबिक वो औसतन रोजाना 8 से 10 घंटे पढ़ाई करती थीं। हालांकि, उनका मानना है कि यूपीएससी की तैयारी में केवल ज्यादा घंटे पढ़ना ही पर्याप्त नहीं है। लगातार पढ़ाई करना, पढ़े हुए विषयों का रिवीजन और अपनी गलतियों को सुधारना ज्यादा अहम है। ऐसे में उन्होंने हर टॉपिक के लिए दो पेज से ज्यादा के नोट्स नहीं बनाए और बार-बार रिवीजन पर जोर दिया।

प्रीलिम्स के लिए अपनाया थ्री-राउंड सिस्टम

सिमरनदीप की तैयारी की रणनीति में रिवीजन की अहम भूमिका रही। तैयारी के लिए उन्होंने थ्री-राउंड सिस्टम अपनाया। उनका फोकस ज्यादा से ज्यादा किताबें या स्टडी मैटेरियल इकट्ठा करने के बजाय उपलब्ध कंटेंट को बार-बार पढ़ने और मजबूत करने पर रहा। उनका ऑप्शनल विषय राजनीति विज्ञान और अंतर्राष्ट्रीय संबंध था। मेन्स में बेहतर प्रदर्शन के लिए आंसर राइटिंग की कमियों को दूर किया और टॉपर्स की कॉपियों का एनालिसिस किया। चौथे प्रयास में 15वीं रैंक हासिल कर सिमरनदीप ने साबित किया कि असफलता मंजिल का अंत नहीं, बल्कि बेहतर तैयारी की शुरुआत हो सकती है।

ShareTweetSend

POPULAR NEWS

  • India shows way out to UN military observer group

    संरा के सैन्य पर्यवेक्षक समूह को भारत ने दिखाया बाहर का रास्ता

    0 shares
    Share 0 Tweet 0
  • प्रोपर्टी पर जिसका 12 साल से कब्जा, वही होगा मालिक

    0 shares
    Share 0 Tweet 0
  • 12 साल से है जमीन पर कब्जा तो वही होगा असली मालिक

    0 shares
    Share 0 Tweet 0
  • गंगाजल खराब नहीं होता, लेकिन क्यों ?

    0 shares
    Share 0 Tweet 0
  • पृथ्वी का आखिरी देश जहां सूरज केवल 40 मिनट के लिए ही डूबता है

    0 shares
    Share 0 Tweet 0
Welcome To Blitz India Media

© 2023 Blitz India Media -BlitzIndia Building A New Nation

Navigate Site

  • About
  • Our Team
  • Contact

Follow Us

No Result
View All Result
  • देश
  • उत्तर-प्रदेश
  • राष्ट्रीय
    • उत्तर-प्रदेश
  • राष्ट्रीय-अंतर्राष्ट्री
  • चुनाव विशेष
  • स्टेट-नेशनल
  • महिला-खेल
  • डाउनलोड
  • अंग्रेजी
  • संपर्क
  • ई-पेपर

© 2023 Blitz India Media -BlitzIndia Building A New Nation