• Latest
  • Trending

पिता ने धोए अफसरों के कपड़े, बेटे से देखा न गया

September 20, 2024
Zimbabwes

हरारे में सूर्यवंशी का जलवा: भारत की 7 विकेट से शानदार जीत

July 24, 2026
स्वच्छ ऊर्जा से मजबूत हो रही भारत की ऊर्जा सुरक्षा

धूप की ढाल: तेल के झटके का लंबा जवाब है भारत का स्वच्छ-ऊर्जा निर्माण

July 24, 2026
vikram

तीन अहम परीक्षण पास: गगनयान ने सुरक्षा की कसौटी पार की

July 24, 2026
पश्चिम एशिया संकट ने चुपचाप बदल दिया भारत के व्यापार का नक्शा

हस्ताक्षर से जहाज़ तक: भारत-ब्रिटेन व्यापार समझौता ज़मीन पर उतरा

July 24, 2026
Market

तेल 100 डॉलर के पार: महंगे कच्चे तेल की आंच बाज़ार तक पहुंची

July 24, 2026
भारत उच्च शिक्षा

कक्षा भी एक अवसंरचना है: अपनी प्रतिभा को रोकने की भारत की कोशिश

July 23, 2026
ev-charging

सड़क पर रिकॉर्ड महीना: जून में ईवी बिक्री नई ऊंचाई पर

July 23, 2026
अक्षर पटेल के ऑलराउंड प्रदर्शन से भारत ने एजबेस्टन में पहला वनडे छह विकेट से जीत लिया।

हरारे में युवा ब्रिगेड: भारत ने टॉस जीतकर पहले गेंदबाज़ी चुनी

July 23, 2026
स्काईरूट के विक्रम-1 ने रचा इतिहास, भारत बना तीसरा देश

पहले सुरक्षा, फिर सितारे: गगनयान उड़ान की ओर क़दम-दर-क़दम

July 23, 2026
Market

लगातार चौथे दिन गिरावट: छह हफ़्ते के ऊंचे स्तर के पास तेल ने माहौल तय किया

July 23, 2026
medicine

दुनिया की फार्मेसी और वह “बारीक अक्षरों” वाली शर्त

July 23, 2026
कावेरी जल विवाद पर फिर गरमाई तमिलनाडु की राजनीति

मानसून की मेहरबानी से आगे: जल सुरक्षा की लंबी राह

July 23, 2026
Friday, July 24, 2026
Retail
संपर्क
डाउनलोड
  • देश
  • उत्तर-प्रदेश
  • राष्ट्रीय
    • उत्तर-प्रदेश
  • राष्ट्रीय-अंतर्राष्ट्री
  • चुनाव विशेष
  • स्टेट-नेशनल
  • महिला-खेल
  • डाउनलोड
  • अंग्रेजी
  • संपर्क
  • ई-पेपर
No Result
View All Result
Welcome To Blitz India Media
No Result
View All Result

पिता ने धोए अफसरों के कपड़े, बेटे से देखा न गया

by ब्लिट्ज़ इंडिया
September 20, 2024
in the blitz
0
ब्लिट्ज ब्यूरो

नई दिल्ली। ‘मेरे पिताजी लोगों के कपड़े धोते थे और धोने के बाद उन्हीं कपड़ों को प्रेस करते थे। जब उन्हें लगा कि गांव की इस मजदूरी से बच्चों को नहीं पढ़ा पाएंगे, तो पिताजी पटना आ गए। यहां एक पॉश इलाके में एक आलीशान मकान के बराबर में हमें कमरा मिल गया। कमरा भी ऐसा, जो बारिश में टपकता था और गर्मी में तपता था। यहां हम लोग जिंदगी जीने के नाम पर केवल वक्त काट रहे थे।

ये कहानी है बिहार के एक ऐसे नौजवान की, जिसने अपनी मेहनत से इतिहास रच दिया है। इस नौजवान का नाम है आनंद मोहन, जो फिलहाल बिहार में ग्रामीण विकास विभाग में बीडीओ के पद पर नियुक्त हैं। आनंद मोहन के लिए ये राह बहुत ज्यादा मुश्किलों और चुनौतियों से भरी हुई रही। उनके पिता जब पटना आए तो घर-घर जाकर लोगों से कपड़े लेकर आते थे और उन पर प्रेस करते थे। यही वो वक्त था, जब पिता ने आनंद से कहा कि पढ़-लिखकर कुछ बनो। आनंद को भी अपने पिता को ऐसे हालात में देखा नहीं गया और उन्होंने मेहनत करना शुरू कर दिया।

YOU MAY ALSO LIKE

हरारे में सूर्यवंशी का जलवा: भारत की 7 विकेट से शानदार जीत

धूप की ढाल: तेल के झटके का लंबा जवाब है भारत का स्वच्छ-ऊर्जा निर्माण

पढ़ाई को लेकर आनंद का जुनून ऐसा था कि रात में पढ़ते वक्त उन्हें नींद ना आ जाए, इसके लिए वो पंखा बंद कर दिया करते थे। आनंद की मेहनत रंग लाई और मैट्रिक में उनके शानदार नंबर आए। नंबर भी ऐसे कि केंद्र सरकार की तरफ से उन्हें दिल्ली बुलाकर सम्मानित किया। आनंद को 10 हजार रुपये का चेक और सर्टिफिकेट प्रदान किया गया। उनके लिए ये पहली सफलता थी लेकिन बड़ी थी। आनंद आगे बढ़ते गए और ग्रेजुएशन, पोस्ट ग्रेजुएशन करते हुए कॉलेज टॉप किया। आनंद की कामयाबी के चर्चे अब होने लगे थे। इस बीच आनंद का सेलेक्शन 2012 सीजीएल के माध्यम से अकाउंटेंट के पद पर हो गया। आनंद को सरकारी नौकरी मिल गई, लेकिन अभी भी उस मंजिल को पाना था, जिसके लिए उन्होंने एक संकल्प लिया था। इस संकल्प को पूरा करने में मदद की पटना के रहमान सर ने। दरअसल, सरकारी नौकरी मिलने से पहले 2010 में ही आनंद ने बीपीएससी की तैयारी शुरू कर दी थी। इस तैयारी की कोचिंग के लिए वो रहमान सर के पास पहुंचे लेकिन उनके पास पैसों की दिक्कत थी। ये बात उन्होंने रहमान सर को बताई। रहमान सर ने कहा कि आप एक एप्लिकेशन लिखिए और उसे यहां विराजमान मां सरस्वती की प्रतिमा के पास रख दीजिए। इसके बाद उन्होंने आनंद के माथे पर अपने दाएं हाथ की उंगली से लिखा कि तुम अफसर जरूर बनोगे। बस यहीं से आनंद का सफर शुरू हो गया।

और आनंद ने पा ली अपनी मंजिल
साल 2012 में आनंद ने बीपीएससी की प्री और मेंस परीक्षा पास कर ली और अगले साल उन्हें इंटरव्यू के लिए दिल्ली बुलाया गया। आनंद के दोस्तों ने उनसे कहा कि वो फ्लाइट से दिल्ली जाएं। ये एक बड़ा पल था कि क्योंकि लोगों के कपड़े धोने वाले का बेटा पहली बार प्लेन में बैठ रहा था। आनंद ने इंटरव्यू दिया और सेलेक्शन ग्रामीण विकास विभाग में बीडीओ के पद पर हो गया। आनंद जब रिजल्ट के बाद गांव लौटे, तो शानदार तरीके से उनका स्वागत किया गया।

ShareTweetSend

POPULAR NEWS

  • India shows way out to UN military observer group

    संरा के सैन्य पर्यवेक्षक समूह को भारत ने दिखाया बाहर का रास्ता

    0 shares
    Share 0 Tweet 0
  • प्रोपर्टी पर जिसका 12 साल से कब्जा, वही होगा मालिक

    0 shares
    Share 0 Tweet 0
  • 12 साल से है जमीन पर कब्जा तो वही होगा असली मालिक

    0 shares
    Share 0 Tweet 0
  • गंगाजल खराब नहीं होता, लेकिन क्यों ?

    0 shares
    Share 0 Tweet 0
  • पृथ्वी का आखिरी देश जहां सूरज केवल 40 मिनट के लिए ही डूबता है

    0 shares
    Share 0 Tweet 0
Welcome To Blitz India Media

© 2023 Blitz India Media -BlitzIndia Building A New Nation

Navigate Site

  • About
  • Our Team
  • Contact

Follow Us

No Result
View All Result
  • देश
  • उत्तर-प्रदेश
  • राष्ट्रीय
    • उत्तर-प्रदेश
  • राष्ट्रीय-अंतर्राष्ट्री
  • चुनाव विशेष
  • स्टेट-नेशनल
  • महिला-खेल
  • डाउनलोड
  • अंग्रेजी
  • संपर्क
  • ई-पेपर

© 2023 Blitz India Media -BlitzIndia Building A New Nation